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दिग्गज खिलाड़ियों के संन्यास पर योगराज सिंह का तीखा हमला

भारतीय खेलों में उम्र बनाम प्रदर्शन की पुरानी बहस को एक बार फिर हवा देते हुए, पूर्व क्रिकेटर और कोच योगराज सिंह ने विराट कोहली और रोहित शर्मा के संन्यास की चर्चाओं पर तीखा जुबानी हमला किया है। अपने बेबाक और अक्सर विवादित बयानों के लिए जाने जाने वाले सिंह ने दोनों दिग्गज खिलाड़ियों के खेल छोड़ने के विचार को “लाानत” (शर्मनाक) करार दिया। उन्होंने खिलाड़ियों से आग्रह किया कि वे मैदान पर अपने दबदबे के जरिए खुद को “अपरिहार्य” (Indispensable) साबित करें।

यह टिप्पणी भारतीय क्रिकेट के एक महत्वपूर्ण मोड़ पर आई है। 2024 टी20 विश्व कप जीत और पिछले साल टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद, कोहली और रोहित ने अपनी अंतरराष्ट्रीय उपस्थिति को सीमित कर लिया है। अब जबकि आईपीएल (IPL) 2026 सीजन शुरू हो रहा है, सारा ध्यान इस बात पर है कि ये आधुनिक युग के महान खिलाड़ी कब तक अपने करियर को आगे बढ़ा पाएंगे।

प्रदर्शन बनाम ‘आयु कारक’

इनसाइड स्पोर्ट्स को दिए एक साक्षात्कार में, योगराज सिंह ने “आयु कारक” (Age Factor) को एक अनोखा भारतीय जुनून बताया जो वास्तविक प्रतिभा को कमतर आंकता है। उन्होंने तर्क दिया कि जब तक कोई खिलाड़ी शारीरिक रूप से फिट है और मैच जिताऊ प्रदर्शन कर रहा है, तब तक उनकी उम्र चयनकर्ताओं या जनता के लिए मायने नहीं रखनी चाहिए।

अपने चिरपरिचित अंदाज में योगराज सिंह ने कहा: “रोहित शर्मा और विराट कोहली मेरी नजर में अब भी युवा हैं, फिर भी लोग चाहते हैं कि वे खेल छोड़ दें। मैं कहता हूं, ‘लानत है ऐसी जिंदगी पे’। आपको दुनिया को यह एहसास कराना चाहिए कि आप सर्वश्रेष्ठ हैं और टीम आपके बिना नहीं चल सकती। अगर आप पचास साल के भी हैं और दोहरा शतक बना रहे हैं, तो किसी की हिम्मत नहीं होगी कि आपको टीम से बाहर कर दे। हमारे देश में उम्र को लेकर यह जुनून वाकई मजाकिया है।”

एमएस धोनी पर चौंकाने वाला यू-टर्न

योगराज सिंह के इस साक्षात्कार का सबसे अप्रत्याशित हिस्सा पूर्व भारतीय कप्तान एमएस धोनी की जमकर तारीफ करना था। ऐतिहासिक रूप से, योगराज धोनी के कड़े आलोचक रहे हैं और अक्सर उन पर अपने बेटे युवराज सिंह के करियर में बाधा डालने का आरोप लगाते रहे हैं। हालांकि, इस बार योगराज धोनी के सबसे बड़े समर्थक नज़र आए।

उन्होंने 44 साल की उम्र में धोनी की फिटनेस की सराहना की और कहा कि धोनी को अगले 10 साल तक खेलना जारी रखना चाहिए। यह समर्थन ऐसे समय में आया है जब चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) संजू सैमसन को टीम में शामिल कर रही है—एक ऐसा कदम जिससे धोनी ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ या मेंटर की भूमिका में नजर आ सकते हैं।

योगराज सिंह के बयान भारतीय क्रिकेट में एक वैचारिक विभाजन को दर्शाते हैं। जहां एक पक्ष “भविष्य की योजना” (Succession Planning) को प्राथमिकता देता है, वहीं योगराज “योग्यतम की उत्तरजीविता” (Survival of the Fittest) की वकालत करते हैं। जैसे-जैसे आईपीएल 2026 आगे बढ़ेगा, कोहली, रोहित और धोनी का प्रदर्शन ही यह तय करेगा कि उम्र केवल एक संख्या है या एक लक्ष्मण रेखा।

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