सिविल सर्विसेज में 66वीं रैंक पाने वाली मिनल नेगी का ग्राफिक एरा में अभिनंदन हर दिन कुछ नया सीखना असली मंत्र है
सिविल सर्विसेज में 66वीं रैंक पाने वाली मिनल नेगी का ग्राफिक एरा में अभिनंदन
हर दिन कुछ नया सीखना असली मंत्र है
देहरादून, 14 मार्च। यूपीएससी की सिविल सर्विसेज परीक्षा में देश में 66वीं रैंक पाने वाली देहरादून की बेटी मिनल नेगी ने कहा कि ऐसी कठिन परीक्षा में सफलता पाने के लिए हर दिन पढ़ना और कुछ नया सीखना ही असली मंत्र है। ग्राफिक एरा की बीएससी ऑनर्स फिजिक्स की छात्रा रही मिनल नेगी आज ग्राफिक एरा में अभिनंदन समारोह को सम्बोधित कर रही थी।
ग्राफिक एरा के सिल्वर जुबली कंवेंशन सेंटर में आयोजित इस समारोह में मिनल नेगी ने कहा कि यह यात्रा केवल लक्ष्य तक पहुंचने की नहीं है, बल्कि खुद को बेहतर बनाने की प्रक्रिया भी है। केवल सफलता की चमक से प्रभावित नहीं होना चाहिये बल्कि कठिन मेहनत और निरंतर प्रयास से भी लगाव रखना चाहिये, जो वहां तक पहुंचाने की राह खोलते हैं। जब मेहनत आदत बन जाती है तो सफलता खुद चलकर आती है।
मिनल ने ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी में पढ़ायी के दौरान के अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि ग्राफिक एरा में बीते तीन साल उनकी जिंदगी के बहुत इवेंटफुल रहे। सबसे पहले उन्हें मंच पर आने और कार्यक्रम की एंकरिंग करने का मौका यहीं मिला, जिससे उनका आत्मविश्वास बढ़ा। इसके बाद उन्हें कई कार्यक्रमों की एंकरिंग करने का अवसर मिला। यहीं उन्हें इंडियन एसोशियेशन ऑफ फिजिक्स टीचर्स के कार्यक्रम को होस्ट करने का मौका मिला और फिर उन्हें इस महत्वपूर्ण एसोशियेशन का स्टूडेंट अम्बेसडर बनाया गया। ।

उन्होंने कहा कि यूपीएससी की परीक्षा में कामयाबी पाने के लिए यह समझना बहुत जरूरी है कि क्या नहीं पढ़ना चाहिए। आज इंटरनेट पर इतनी ज्यादा सामग्री उपलब्ध है कि सामग्री समुद्र जितनी अधिक हो गई है। ऐसे में सावधानी बरतना बहुत आवश्यक है। पहले विषयों के बेसिक क्लियर करने चाहियें। उन्होंने पहले एनसीईआरटी की कक्षा 8 से 12 की पुस्तकें पढ़कर बेसिक को अच्छे से समझा। पढ़ायी के साथ अपनी मेंटल हैल्थ का ध्यान रखना और कसरत करना भी बहुत जरूरी है। अच्छे शौक भी होने चाहियें। मिनल ने कहा कि उनकी बुनियाद मजबूत और एक्सपोजर देने का काम ग्राफिक एरा और यहां के माहौल ने किया है। अपने शिक्षकों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि आज उनके बीच सम्मान पाकर वह बहुत खुशी महसूस कर रही है। मिनल नेगी ने छात्र छात्राओं के सवालों के उत्तर भी दिये और उन्हें सिविल सर्विसेज के लिए राह भी सुझायी और प्रेरित भी किया।
ग्राफिक एरा में मिनल नेगी और उनकी माता गीता नेगी को अभिनंदन किया गया। ग्राफिक एरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन डॉ कमल घनशाला और वाइस चेयरपर्सन डॉ राखी घनशाला ने उन्हें ट्राफी व स्मृति चिह्न भेंट किये। इस अवसर पर चेयरमैन डॉ कमल घनशाला ने कहा कि मिनल की इस शानदार सफलता ने केवल ग्राफिक एरा ही नहीं, पूरे उत्तराखंड को गौरवांवित किया है। इस सफलता के पीछे उनके माता पिता के सहयोग और विश्वास को महत्वपूर्ण बताते हुए उन्होंने कहा कि परिवार का किसी भी युवा को अपने लक्ष्य तक पहुंचने के लिए सबसे अधिक शक्ति देता है।

डॉ घनशाला ने कहा कि मिनल नेगी की यह सफलता छात्र छात्राओं को सिविल सर्विसेज में आने के प्रोत्साहित करेगी। ग्राफिक एरा ने सिविल सर्विसेज की तैयारी करने वाले छात्र छात्राओं को निशुल्क कोचिंग और अन्य सुविधाएं देने का निर्णय किया है। मिनल नेगी और इस परीक्षा में कामयाब हो चुके कुछ अन्य व्यक्ति व सेवानिवृत्त अधिकारी इसके लिए छात्र छात्राओं का मार्गदर्शन कर सकेंगे।

अपने विश्वविद्यालय पहुंच कर मिनल नेगी बहुत खुश थी। उन्होंने कालेज लाईफ के कई किस्से भी सुनाये। ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ अमित आर भट्ट और ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ नरपिंदर सिंह के साथ ही विश्वविद्यालय के अन्य पदाधिकारियों ने मिनल नेगी का फूलों से स्वागत किया।
